कुछ यादें ऐसी होती हैं, जिन्हें हम चाहकर भी भुला नहीं पाते। जितना उनसे दूर जाने की कोशिश करते हैं, वो उतनी ही करीब आ जाती हैं। “मुझे बहुत याद आते हो तुम” एक ऐसी ही romantic Hindi poem है, जो दिल की उस हालत को बयान करती है जहाँ यादें silent होकर भी बहुत शोर करती हैं।
मुझे बहुत याद आते हो तुम…………….

भूलना चाहता हूँ तुम्हें
फिर भी याद आते हो तुम
जितना दूर जाते हैं
उतना पास आते हो तुम
दिन में ही नहीं
रातों को भी सताते हो तुम
‘हाँ’ मुझे बहुत याद आते हो तुम
दिल का दर्द
मेरी भुलाने की असफल कोशिश हो तुम
पर ये मेरी बदकिस्मत
सिर्फ यादों में सिमट जाते हो तुम
कैसे कहूं
मुझे बहुत याद आते हो तुम ……………
सुरेश के
सुर…………..
I miss you a lot………..

I want to forget you.
I still remember you.
As far as I go,
you come so close.
You bother me not only
during the day but even at night.
‘Yes’, I miss you a lot.
‘Heartache’……………
You are my unsuccessful attempt
to forget you.
This is my bad luck,
you are lost only in memories.
How to say…………
I miss you a lot.
Suresh Saini
यह कविता उन सभी के लिए है, जिन्होंने कभी किसी को भूलना चाहा हो, लेकिन हर बार यादों में ही उलझ गए हों। अगर इस poem ने आपके दिल की किसी feeling को छुआ है, तो इसे अपने शब्द समझकर पढ़िए, Share कीजिए और बताइए—क्या आपको भी कोई बहुत याद आता है?
जब भी मुलाकात होती है और दिल बिना कुछ कहे बहुत कुछ महसूस करने लगता है, तब यही एहसास “Jab Bhi Milo Tum” कविता में नजर आता है। कविता की गहराई को समझने के लिए कविता जरूर पढ़े , यह romantic Hindi poem उन लम्हों की कहानी है, जहाँ सामने वाला सिर्फ सामने हो और दुनिया अपने आप थम जाए।